
पितृ तर्पण क्या है? जल अर्पण का अर्थ और कृतज्ञता | Krishna Guruji In Kaliyug Puran
पितृ तर्पण केवल जल अर्पित करने की परंपरा नहीं, बल्कि पूर्वजों के प्रति श्रद्धा, कृतज्ञता और सेवा का भाव है। जानिए तर्पण का शास्त्रीय अर्थ, हस्ततीर्थों की महत्ता और कलियुग पुराण की दृष्टि से युवा पीढ़ी इसे आज के जीवन में कैसे समझ सकती है।








