
गुरु पूर्णिमा 2026 उत्सव: भैरवगढ़ केंद्रीय जेल में मार्गदर्शक दिवस | कृष्णा गुरुजी
Guru Purnima 2026 Utsav के पावन अवसर पर 29 जुलाई 2026 को भैरवगढ़ केंद्रीय जेल, उज्जैन में प्रतिवर्ष की भाँति इस वर्ष भी गुरु पूर्णिमा (मार्गदर्शक दिवस) का विशेष आयोजन किया जाएगा। कार्यक्रम प्रातः 11:00 बजे से दोपहर 12:00 बजे तक आयोजित होगा।
आध्यात्मिक चिंतक एवं मानवसेवी कृष्णा गुरुजी बंदीजनों के साथ आत्मचिंतन, सही मार्गदर्शन और जीवन परिवर्तन के विषय पर संवाद करेंगे। इस आयोजन का प्रमुख संदेश है—
“जहाँ अज्ञानता, वहाँ गुरु का ज्ञान।”
गुरु पूर्णिमा को मार्गदर्शक दिवस के रूप में मनाने का उद्देश्य
कृष्णा गुरुजी अपने Festival Transformation अभियान के माध्यम से विभिन्न पर्वों को सामाजिक, आध्यात्मिक और मानवीय उद्देश्य से जोड़कर मनाते हैं। इसी विचार के अंतर्गत गुरु पूर्णिमा को केवल गुरु-पूजन के पर्व तक सीमित न रखते हुए मार्गदर्शक दिवस के रूप में मनाया जाता है।
मार्गदर्शक दिवस का उद्देश्य प्रत्येक व्यक्ति को अपने जीवन के निर्णयों, संगति, विचारों और मार्गदर्शकों पर आत्ममंथन करने के लिए प्रेरित करना है। सही मार्गदर्शन मनुष्य को ज्ञान, विवेक और सकारात्मक कर्मों की ओर ले जाता है। वहीं गलत दिशा जीवन को कठिन परिस्थितियों तक पहुँचा सकती है।
बंदीजनों से पूछा जाएगा—आपका गुरु कौन था?
कार्यक्रम के दौरान कृष्णा गुरुजी बंदीजनों से आत्ममंथन कराने वाला एक महत्वपूर्ण प्रश्न पूछेंगे—
“आपका गुरु या मार्गदर्शक कौन था, जिसके बताए मार्ग पर चलते हुए आप यहाँ तक पहुँचे?”
इस प्रश्न के माध्यम से बंदीजनों को किसी अन्य व्यक्ति पर दोषारोपण करने के बजाय अपने कर्मों, निर्णयों और जीवन की दिशा का आत्मविश्लेषण करने के लिए प्रेरित किया जाएगा।
कृष्णा गुरुजी का कहना है कि गुरु केवल कोई व्यक्ति नहीं, बल्कि वह ज्ञान और चेतना है, जो मनुष्य को अंधकार से प्रकाश, भ्रम से विवेक और भटकाव से सही मार्ग की ओर ले जाती है।
गुरु पूर्णिमा आत्मचिंतन और जीवन परिवर्तन का अवसर
कृष्णा गुरुजी के अनुसार गुरु पूर्णिमा केवल पूजा और सम्मान का पर्व नहीं है। यह अपने जीवन, विचारों और कर्मों का आत्मविश्लेषण करने तथा भविष्य के लिए सही दिशा चुनने का अवसर भी है।
कलियुग कर्मप्रधान है। इसलिए मनुष्य अपने वर्तमान कर्मों और सही निर्णयों के माध्यम से अपने भविष्य को बदल सकता है। सही गुरु और सही मार्गदर्शन व्यक्ति के भीतर सोए हुए विवेक को जागृत करने में सहायता करते हैं।
गुरुवंदना, भजन, ध्यान और गुरु मंत्र
Guru Purnima 2026 Utsav के दौरान सामूहिक गुरु वंदना, प्रेरक भजन, ध्यान और गुरु मंत्र का जप कराया जाएगा। इसके साथ ही बंदीजनों को क्रोध, प्रतिशोध और नकारात्मक विचारों से ऊपर उठकर अनुशासित, सकारात्मक और जिम्मेदार जीवन जीने की प्रेरणा दी जाएगी।
कार्यक्रम का उद्देश्य बंदीजनों को आत्मविश्वास प्रदान करना और यह विश्वास दिलाना है कि पश्चाताप, आत्मचिंतन और सकारात्मक कर्मों के माध्यम से जीवन की नई शुरुआत संभव है।
इसके अलावा, उन्हें समाज की मुख्यधारा में एक जिम्मेदार और अच्छे नागरिक के रूप में लौटने का संदेश भी दिया जाएगा।
महाकाल से अभिमंत्रित रुद्राक्ष किए जाएंगे भेंट
कार्यक्रम के समापन पर बंदीजनों को महाकाल से अभिमंत्रित रुद्राक्ष की माला भेंट की जाएगी।
इसके साथ ही जेल परिसर की गौशाला में गो-सेवा और गो-ग्रास का आयोजन भी किया जाएगा।
बंदीजन अनुशासित, सकारात्मक और अपराध-मुक्त जीवन जीने तथा भविष्य में एक जिम्मेदार नागरिक बनने का संकल्प लेंगे।
कार्यक्रम में जेल प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी, जेल कर्मचारी और अन्य गणमान्यजन उपस्थित रहेंगे।
Guru Purnima 2026 Utsav की कार्यक्रम जानकारी
- कार्यक्रम: गुरु पूर्णिमा (मार्गदर्शक दिवस) उत्सव
- दिनांक: 29 जुलाई 2026
- समय: प्रातः 11:00 बजे से दोपहर 12:00 बजे तक
- स्थान: भैरवगढ़ केंद्रीय जेल, उज्जैन
- मार्गदर्शन: कृष्णा गुरुजी
- परिचय: आध्यात्मिक चिंतक एवं मानवसेवी
Patrika में Guru Purnima 2026 Utsav का समाचार
भैरवगढ़ केंद्रीय जेल, उज्जैन में आयोजित होने वाले गुरु पूर्णिमा (मार्गदर्शक दिवस) उत्सव की जानकारी को प्रमुख हिंदी समाचार-पत्र पत्रिका ने भी अपने उज्जैन संस्करण में प्रकाशित किया है।
प्रकाशन: पत्रिका, उज्जैन संस्करण
प्रकाशन दिनांक: 27 जुलाई 2026
Amar Ujala में प्रकाशित समाचार
गुरु पूर्णिमा को मार्गदर्शक दिवस के रूप में मनाने और भैरवगढ़ केंद्रीय जेल में आयोजित होने वाले कार्यक्रम की खबर को अमर उजाला ने भी प्रकाशित किया है।
अमर उजाला में प्रकाशित पूरी खबर पढ़ें
Festival Transformation by Krishna Guruji
कृष्णा गुरुजी का संदेश है—
“मैं त्योहार नहीं बदलता, बल्कि उन्हें मनाने का उद्देश्य बदलता हूँ।”
इसी विचार के अंतर्गत गुरु पूर्णिमा को मार्गदर्शक दिवस के रूप में मनाकर समाज को सही गुरु, सही संगति, सही विचार और सही दिशा के महत्व का संदेश दिया जाता है।
कृष्णा गुरुजी सोशल वेलफेयर सोसायटी के सौजन्य से।
कृष्णा गुरुजी
आध्यात्मिक चिंतक एवं मानवसेवी

